पुरानी पेंशन लागु करने मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ ने सौंपा ज्ञापन, बाजार आधारित एनपीसी को बंद कर ओपीएस को लागु करें सरकार-बिसेन

बालाघाट. भारतीय मजदूर संघ से संबद्ध सरकारी कर्मचारी राष्ट्रीय परिसंघ के आव्हान पर जनवरी 2004 के बाद नियुक्त देश एवं प्रदेश के कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना लागु करने संबंधी एक सूत्रीय मांग का ज्ञापन आज 12 मई को मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को सौंपा. इस दौरान पूरे जिले से मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित थे.

मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ  जिलाध्यक्ष अशोक बिसेन नई पेंशन योजना में अनेक खामियां है. यह योजना सेवानिवृत्ति के समय कर्मचारियों को न्यूनतम पेंशन की ग्यारंटी नहीं देती. इसके अंतर्गत महंगाई भत्ता की व्यवस्था न होने से कोई राहत की व्यवस्था नहीं है. साथ ही यह व्यवस्था बाजार आधारित होने से अस्थिरता की स्थिति हमेशा बनी रहती है. कम्पलसरी रिटायरमेंट की व्यवस्था नहीं है. 1972 में सीसीएस एक्ट सामाजिक सुरक्षा पेंशन का संबल देती थी लेकिन नई पेंशन बाजार आधारित है, जिसमें रिटायरमेंट के बाद कर्मचारी को बहुत कम राशि मिलती है. साथ ही कर्मचारियों के आश्रित कोे भी समुचित लाभ नहीं मिलता है. इसलिए हमारी मांग है कि सीसीएस एक्ट 1972 को लागु कर पुरानी पेेंशन को बहाल किया जाये.

इसके अलावा अन्य और कई कारणों से नई पेंशन योजना से कर्मचारियों में असुरक्षा का भावना होने से असंतोष बना है.  

सचिव बलेश्वर राहंगडाले ने कहा कि संगठन की मांग है कि नई पेंशन योजना को समाप्त कर पुरानी पेंशन योजना लागु की जाये या फिर नई पेंशन योजना के अंतर्गत न्यूनतम पेंशन की ग्यारंटी प्रदान की जायें, जो अंतिम वेतन का 50 प्रतिशत से कम न हो और पेंशन को प्राईस इंडेक्स के साथ जोड़ा जाये.  

उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ द्वारा नई पेंशन योजना को समाप्त कर पुरानी पेंशन योजना को लागु करने की मांग को लेकर चरणबद्व आंदोलन के तहत विगत 5 मई को तहसील मुख्यालयों में ज्ञापन देेने के बाद भी सरकार का रवैया सकारात्मक नहीं होने से आंदोलन के दूसरे चरण में एक साथ पूरे प्रदेश में आज 12 मई को मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ जिला मुख्यालय में कलेक्टर को प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपेगा.  

इस दौरान मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य के. जी. बिसेन, जिलाध्यक्ष अशोक बिसेन, सचिव बालेश्वर राहंगडाले, कोषाध्यक्ष सूरज पटले, उपाध्यक्ष पंचम हनवत, सी. डी. नगपुरे, श्रीमती अन्नपूर्णा मेश्राम, उमेश शर्मा, राजेन्द्र श्रीवास्तव, श्रीमती श्यामा बनोटे, संभागीय उपाध्यक्ष अशोक चौबे, तिलक गौतम, अनिल चंदेल, के. के. ऐड़े, रमेश भगत, दुर्वेश अम्बाडकर, विजय दखने, पी. के. व्यास, युरेन्द्र हनवत, जी. के. खांडिल्यकर, बी. एस. धुर्वे, आर. के. बोपचे, एन. के. बिसेन, किशोर जुझार, जी. आर. अंगुरे, जे. एस. राहंगडाले, श्रीमती लक्ष्मी भलावी, सुनिल दत्त खरगाल, जे. एल. बनोटे, लखनलाल यादव, उमाशंकर लांजेवार, श्रीमती रजनी धुर्वे, लखपति धुर्वे, डी. डी. ठाकरे, हरगोविंद धुवारे, मुकेश जुझार, अनिल माहुले, एस. आर. राणा, श्रीमती रेखा टेंभरे, आदित्य बिसेन, अरविंद राहंगडाले, एस. के. चौधरी, पेंशनर संघ अध्यक्ष जंग बहादुरसिंह बैस सहित संगठन पदाधिकारी उपस्थित थे.  


Web Title : MEMORANDUM SUBMITTED BY MADHYA PRADESH STATE EMPLOYEES UNION TO IMPLEMENT OLD PENSION, STOP MARKET BASED NPC AND IMPLEMENT OPS.