ईलाज के बाद अस्पताल को थमा रहा था जाली नोट तीसरी बार हुआ नाकाम, पकड़ाया

धनबाद. जालान अस्पताल में जाली नोट खपाने का एक मामला बुधवार को प्रकाश में आया. अस्पताल की सूचना पर पहुँची धनबाद थाना की पुलिस दो हजार के तीन जाली नोट को जप्त करने के साथ साथ दो लोगो को हिरासत में लिया जब्कि एक महिला आरोपी पुलिस के आने से पूर्व ही भाग निकली. पुलिस उसकी तलाश में जुटी है. पुलिस हिरासत में लिए गए आरोपियों से पूछताछ जारी है. हिरासत में लिए गए आरोपी पिता पुत्र उमेश महतो एवं प्रयाग महतो गोविंदपुर नावा टाँड़ के रहने वाले है. बताया जा रहा है कि उमेश महतो का पिता प्रयाग महतो पथरी की बीमारी से ग्रसित है. प्रयाग महतो को चेकअप के लिए बुधवार को परिजन जालान अस्पताल लेकर आए. इससे पूर्व विगत 6 जून और 7 जून को भी चेकअप के लिए प्रयाग महतो को अस्पताल लाया गया था. पहले दिन 1040 और दूसरी बार में 1750 ऱु का बिल बना. परिजनों ने हर बार 2 हजार का नोट अस्पताल में जमा कराया. अस्पताल के कर्मचारियों  ने जब नोट की जाँच की तो वह नोट जाली पाया गया. बुधवार को भी चेकअप के बाद 3850 ऱु बिल की राशि अदा करने परिजन अस्पताल के केश कॉउंटर पर पहुँचे और उसी तरह का 2 हजार का नोट कॉउंटर में जमा कराया. जिसके बाद इनका फर्जीवाड़ा पकड़ा गया. प्रयाग महतो के साथ आई महिला मौके की नजाकत को भांपते हुए अस्पताल से रफ्फूचक्कर हो गई. वही पुलिस को सूचना देने के बाद उपरोक्त दोनों लोगो को अस्पताल ने अपने कब्जे में रखा. पुलिस बरामद नोट की जाँच करा रही है साथ ही दोनों से पूछताछ जारी है. सूत्रों के हवाले से मिली खबर के मुताबिक पुलिस जिस महिला की तलाश में जुटी है उसका पति इसी जाली नोट के मामले में जेल में बंद है.

Web Title : A THIRD TIME, A FAKE NOTE WAS BEING HANDED OVER TO THE HOSPITAL AFTER TREATMENT.

Post Tags: